
मुंबई: बायकुला पुलिस ने जलगांव के एक व्यापारी, अमोल भास्कर महाजन के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज किया है। उन पर आरोप है कि उन्होंने ईरान को केले निर्यात करने के बहाने मुंबई के एक आयात-निर्यात व्यवसायी से 1.30 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी की।
एफआईआर के अनुसार, शिकायतकर्ता अब्बास मोहम्मद अली देघानी (38) ईरान, इराक और दुबई के बाजारों में फलों का आयात-निर्यात व्यवसाय करते हैं। वे ईरान को केले और हल्दी जैसी वस्तुएं निर्यात करते हैं और व्यापारिक नियमों के अनुसार वस्तु विनिमय के बदले खजूर, पिस्ता, सेब और कीवी आयात करते हैं।
शिकायत में कहा गया है कि देघानी का संपर्क ईरान स्थित दलाल मोजतबा अशूरी से हुआ, जो केले का व्यापार करता है। अशूरी ने कथित तौर पर देघानी को महाजन से मिलवाया और दावा किया कि उनकी कंपनी सनरिया एग्रो प्रोड्यूस ओपीसी प्राइवेट लिमिटेड है और वे जलगांव में केले के एक बड़े व्यापारी हैं। अशूरी ने महाजन को जलगांव स्थित एक्सिस बैंक की एक शाखा में अपने बैंक खाते की जानकारी भी दी। 21 अक्टूबर 2022 और 21 जनवरी 2023 के बीच, देघानी ने केले की खरीद के लिए उक्त खाते में कुल 1.30 करोड़ रुपये हस्तांतरित किए। हालांकि, पूरी रकम मिलने के बावजूद, महाजन ने न तो खेप भेजी और न ही पैसे वापस किए।
जब देघानी ने बार-बार फोन और मैसेज के जरिए महाजन से संपर्क करने की कोशिश की, तो उसने कथित तौर पर कोई जवाब नहीं दिया। इस दौरान, महाजन ने कथित तौर पर अपनी कंपनी के नाम से व्हाट्सएप के जरिए अशूरी को चार इनवॉइस भेजे। इन इनवॉइस पर निदेशक की मुहर तो थी, लेकिन हस्ताक्षर नहीं थे, जिससे संदेह पैदा हुआ। अशूरी ने बाद में ये इनवॉइस देघानी को भेज दिए।
एफआईआर में इन इनवॉइस में विसंगतियों का भी उल्लेख है, जिसमें अमेरिकी डॉलर और भारतीय रुपये में उल्लिखित रकम में अंतर शामिल है, जिससे पता चलता है कि दस्तावेज जाली थे और उनकी कोई कानूनी वैधता नहीं थी।
धोखाधड़ी का एहसास होने पर, देघानी ने बायकुला पुलिस स्टेशन जाकर शिकायत दर्ज कराई। उनके बयान के आधार पर पुलिस ने भारतीय दंड संहिता की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर मामले की आगे की जांच शुरू कर दी है।
